बांकीपुर उपचुनाव: प्रशांत किशोर को घेरने के लिए बीजेपी ने उतारी 40 दिग्गजों की फौज, लिस्ट में बड़े नाम शामिल

बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव के लिए भारतीय जनता पार्टी ने अपने 40 स्टार प्रचारकों की सूची सार्वजनिक कर दी है। जन सुराज के प्रशांत किशोर को कड़ी टक्कर देने के उद्देश्य से पार्टी ने सीएम सम्राट चौधरी और पवन सिंह जैसे दिग्गज चेहरों को चुनावी रण में उतारा है।

बांकीपुर उपचुनाव में बीजेपी की पूरी ताकत

बिहार की राजनीति में बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव का मुकाबला बेहद दिलचस्प मोड़ पर पहुंच गया है। प्रशांत किशोर द्वारा जन सुराज पार्टी के बैनर तले इस सीट पर अपनी दावेदारी ठोकने के बाद से ही सियासी तापमान काफी बढ़ा हुआ है। प्रशांत किशोर ने चुनौती दी है कि वे बीजेपी के इस पारंपरिक गढ़ में उन्हें करारी शिकस्त देंगे। इस आक्रामक चुनौती का जवाब देने के लिए भारतीय जनता पार्टी ने भी अपनी कमर कस ली है और कुल 40 स्टार प्रचारकों की एक मजबूत सूची जारी की है। इस सूची में पार्टी के वरिष्ठ नेताओं से लेकर लोकप्रिय फिल्म कलाकार तक शामिल हैं, जिनका उद्देश्य चुनावी फिजा को पूरी तरह से भगवा रंग में रंगना है।

दिग्गज चेहरों से लैस बीजेपी की रणनीति

बीजेपी ने अपनी इस रणनीति के तहत कई बड़े और प्रभावी चेहरों को मैदान में उतारा है। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के अलावा बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी इस पूरी चुनावी मुहिम की कमान संभाले हुए हैं। वहीं, केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह जैसे कद्दावर नेता भी प्रचार में पूरी ताकत झोंकेंगे। बीजेपी ने केवल राजनीतिक चेहरों पर ही निर्भरता नहीं रखी है, बल्कि जनता के बीच गहरी पैठ रखने वाले भोजपुरी सिनेमा के स्टार्स को भी शामिल किया है। इनमें भोजपुरी के पावर स्टार पवन सिंह और सांसद मनोज तिवारी जैसे बड़े नाम शामिल हैं। इन कलाकारों को शामिल करने के पीछे बीजेपी का स्पष्ट मकसद शहरी युवाओं को अपनी ओर आकर्षित करना है।

साख की लड़ाई क्यों बनी है बांकीपुर सीट

बांकीपुर की सीट बीजेपी के लिए महज एक विधानसभा क्षेत्र नहीं, बल्कि अपनी साख बचाने का बड़ा जरिया है। यह सीट पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के राज्यसभा सदस्य चुने जाने के बाद रिक्त हुई है। यदि इतिहास पर नजर डालें तो इस क्षेत्र पर लंबे समय तक नवीन किशोर प्रसाद सिन्हा और उनके परिवार का दबदबा रहा है। पिछले कई दशकों से यह सीट बीजेपी का एक अभेद्य किला मानी जाती रही है। प्रशांत किशोर की उम्मीदवारी ने इस किले की सुरक्षा को लेकर बीजेपी के सामने बड़ी चुनौती पेश कर दी है। शुरुआती दौर में बीजेपी ने युवा नेता अभिषेक कुमार, जिन्हें बंटी के नाम से जाना जाता है, को अपना प्रत्याशी बनाया था। हालांकि, प्रशांत किशोर की रणनीति और बढ़ते प्रभाव को भांपते हुए पार्टी ने तुरंत अपने फैसले में बदलाव किया और संगठन के पुराने और अनुभवी नेता नीरज कुमार सिन्हा को बांकीपुर से नया उम्मीदवार घोषित कर दिया।

प्रचार का भोजपुरी तड़का और शहरी वोट बैंक

बीजेपी की स्टार प्रचारकों की सूची में पवन सिंह और मनोज तिवारी का नाम जोड़ना एक सोची-समझी रणनीति का हिस्सा है। पटना और उसके आसपास के इलाकों के युवाओं में पवन सिंह की जबरदस्त फैन फॉलोइंग है। पिछले चुनावों में पवन सिंह का गाया गीत 'जोड़ी मोदी-नीतीश के हिट होई' काफी चर्चा में रहा था और इसने मतदाताओं को काफी प्रभावित किया था। बीजेपी की योजना है कि पवन सिंह और मनोज तिवारी की जनसभाओं और रोड शो के माध्यम से बांकीपुर के शहरी मतदाताओं के बीच अपनी पहुंच को और अधिक मजबूत किया जाए। पार्टी चाहती है कि प्रशांत किशोर के किसी भी नैरेटिव का असर जमीन पर न पड़े और शहरी युवा पूरी तरह से उनके साथ बने रहें।

भविष्य के चुनाव की दिशा तय करेगा परिणाम

यह उपचुनाव साल 2026 में बिहार की भावी राजनीति की दिशा तय करने वाला साबित होगा। यदि भारतीय जनता पार्टी अपने इस सबसे मजबूत किले को सुरक्षित रखने में कामयाब रहती है, तो यह प्रशांत किशोर के 'जन सुराज' अभियान के लिए एक बड़ा राजनीतिक झटका होगा। दूसरी ओर, यदि प्रशांत किशोर इस चुनाव में कोई बड़ा उलटफेर करने में सफल होते हैं या फिर बीजेपी की जीत के अंतर को बहुत कम कर देते हैं, तो यह स्पष्ट हो जाएगा कि बिहार के शहरी मतदाता अब बदलाव की आकांक्षा रखने लगे हैं। फिलहाल, बीजेपी का 40 स्टार प्रचारकों की भारी-भरकम फौज को उतारना यह साफ कर रहा है कि वे इस मुकाबले को हल्के में नहीं ले रहे हैं और हर हाल में जीत दर्ज करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

https://hindi.news18.com/news/bihar/patna-bankipur-upchunav-2026-bjp-releases-40-star-campaigners-list-pawan-singh-manoj-tiwari-jan-suraj-prashant-kishor-10657811.html