छत्तीसगढ़ की पारंपरिक मिठाई 'खुजरी': जानें गाय-भैंस के पहले गाढ़े दूध से बनने वाले इस स्वादिष्ट व्यंजन की रेसिपी

छत्तीसगढ़ के ग्रामीण इलाकों में बनने वाली पारंपरिक मिठाई 'खुजरी' न केवल स्वाद में लाजवाब है, बल्कि सेहत के लिए भी बेहद पौष्टिक मानी जाती है। यह गाय या भैंस के बच्चे को जन्म देने के बाद मिलने वाले पहले गाढ़े दूध से तैयार की जाती है।

छत्तीसगढ़ का पारंपरिक स्वाद: क्या आपने कभी चखी है 'खुजरी'?

छत्तीसगढ़ की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत में यहां का पारंपरिक खानपान एक बेहद खास स्थान रखता है। ग्रामीण अंचलों में आज भी कई ऐसे व्यंजन बनाए जाते हैं, जो न केवल स्वाद में लाजवाब होते हैं बल्कि सेहत का खजाना भी माने जाते हैं। इन्हीं में से एक बेहद लोकप्रिय और दुर्लभ पारंपरिक मिठाई है 'खुजरी'। यह मिठाई अपने अनोखे स्वाद और खास बनावट के लिए जानी जाती है, जो मुंह में जाते ही पूरी तरह घुल जाती है।

खुजरी को बनाने की विधि और इसके पीछे का विज्ञान बेहद दिलचस्प है। इस पारंपरिक व्यंजन को बनाने के लिए गाय या भैंस के बच्चे को जन्म देने के बाद मिलने वाले पहले या दूसरे दिन के गाढ़े दूध का इस्तेमाल किया जाता है। स्थानीय भाषा में इस विशेष दूध को पेयूष या खीस कहा जाता है। यह दूध आम दिनों में मिलने वाले साधारण दूध के मुकाबले कहीं ज्यादा गाढ़ा और पोषक तत्वों से भरपूर होता है, जिसके चलते खुजरी सेहत के लिहाज से भी अत्यंत लाभकारी मानी जाती है।

पोषक तत्वों का खजाना है पेयूष (खीस)

ग्रामीण क्षेत्रों में जब भी किसी गाय या भैंस के घर में नया बछड़ा आता है, तो उत्सव जैसा माहौल होता है। ऐसे खुशी के मौके पर मेहमानों के स्वागत और पारिवारिक समारोहों में विशेष रूप से खुजरी तैयार की जाती है। चूंकि पेयूष में भारी मात्रा में प्रोटीन, विटामिन और रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने वाले तत्व पाए जाते हैं, इसलिए इसे बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सभी के स्वास्थ्य के लिए बहुत फायदेमंद माना जाता है।

खुजरी बनाने के लिए जरूरी सामग्रियां

अगर आप भी इस छत्तीसगढ़ी पारंपरिक मिठाई का स्वाद घर पर लेना चाहते हैं, तो इसके लिए आपको बेहद सीमित और साधारण सामग्रियों की आवश्यकता होगी। नीचे दी गई सामग्रियों की सूची को ध्यान से देखें:

  • पेयूष (गाय या भैंस का पहले या दूसरे दिन का दूध): 1 लीटर
  • चीनी या गुड़: 200 से 250 ग्राम (स्वादानुसार)
  • इलायची पाउडर: आधा छोटा चम्मच
  • बारीक कटे सूखे मेवे: काजू, बादाम और किशमिश (वैकल्पिक)

बनाने की आसान विधि

घर पर खुजरी तैयार करने के लिए आप इस बेहद आसान और पारंपरिक विधि का पालन कर सकते हैं:

  1. सबसे पहले, 1 लीटर पेयूष दूध को एक साफ और बारीक छलनी की मदद से अच्छी तरह से छान लें। छानने के बाद इसे एक मोटे तले वाले बर्तन या भारी कढ़ाई में निकाल लें। मोटे तले के बर्तन का उपयोग करने से दूध नीचे से जलता नहीं है।
  2. अब इस छने हुए दूध में 200 से 250 ग्राम चीनी या बारीक पिसा हुआ गुड़ और आधा छोटा चम्मच इलायची पाउडर डालें। इन सभी चीजों को अच्छी तरह से चम्मच की सहायता से आपस में मिला लें।
  3. इसके बाद, कढ़ाई को गैस पर धीमी आंच पर चढ़ाएं। इस मिश्रण को आंच पर चढ़ाने के बाद आपको इसे लगातार चलाते रहना होगा, ताकि गाढ़ा दूध तले में चिपक कर जले नहीं।
  4. धीमी आंच पर लगातार चलाते हुए पकाने से दूध धीरे-धीरे थक्केदार होने लगेगा और अंत में मावा जैसी दानेदार और गाढ़ी कंसिस्टेंसी में आ जाएगा।
  5. जब यह मिश्रण पूरी तरह से गाढ़ा हो जाए और कढ़ाई के किनारों को छोड़ने लगे, तब समझें कि यह पक चुका है। इसके बाद गैस को तुरंत बंद कर दें।
  6. इसे कढ़ाई से बाहर निकालें और कुछ देर के लिए ठंडा होने के लिए छोड़ दें। ठंडा होने के बाद यह मिश्रण खुद-ब-खुद जमने जैसी स्थिति में आ जाएगा और इसका दानेदार टेक्सचर निखर कर सामने आएगा।
  7. अंत में, इस पर बारीक कटे हुए काजू, बादाम और किशमिश डालकर सजाएं। आपकी स्वादिष्ट और पौष्टिक खुजरी परोसने के लिए बिल्कुल तैयार है।

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