पाकिस्तान में शहबाज सरकार का बड़ा फैसला, लाखों लोगों पर बढ़ेगा महंगाई का बोझ

ईरान और अमेरिका के बीच फिर से शुरू हुई जंग के चलते पाकिस्तान में ईंधन की कीमतों में इजाफा किया गया है, जिससे हवाई यात्रा महंगी होने की संभावना है। वहीं, सेना प्रमुख आसिम मुनीर बलूचिस्तान में सुरक्षा स्थिति को लेकर शीर्ष कमांडरों के साथ मंथन में व्यस्त रहे।

पाकिस्तान पर दोहरी मार

एक तरफ पाकिस्तान के सेना प्रमुख आसिम मुनीर बलूचिस्तान के अशांत हालात को नियंत्रित करने की रणनीति बनाने में जुटे हैं, तो दूसरी तरफ प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ की सरकार ने देश की आम जनता पर महंगाई का एक और बड़ा बोझ डाल दिया है। ईरान और अमेरिका के बीच फिर से भड़की सैन्य जंग ने वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की आपूर्ति को प्रभावित किया है, जिसका सीधा असर पाकिस्तान की डगमगाती अर्थव्यवस्था पर पड़ रहा है।

आसिम मुनीर का कमांडरों को सख्त निर्देश

पाकिस्तानी सेना के प्रमुख आसिम मुनीर ने हाल ही में अपने शीर्ष सैन्य कमांडरों की एक महत्वपूर्ण बैठक बुलाई थी। इस बैठक का मुख्य एजेंडा बलूचिस्तान में लगातार बढ़ रही हिंसा और विद्रोह को रोकना था। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, मुनीर ने बैठक के दौरान अपने वरिष्ठ अधिकारियों को कड़े लहजे में फटकार लगाई और बलूच विद्रोहियों से पूरी सख्ती के साथ निपटने का स्पष्ट अल्टीमेटम दिया। वे इस बात पर चर्चा कर रहे थे कि किस तरह से राज्य में कानून व्यवस्था को दोबारा बहाल किया जाए।

हवाई सफर होगा महंगा

जब सेना प्रमुख सुरक्षा और रणनीति की समीक्षा कर रहे थे, ठीक उसी समय सरकार ने ईंधन की कीमतों को लेकर ऐसा कदम उठाया जिससे लाखों आम नागरिकों की जेब पर सीधा असर पड़ना तय है। ईरान में जारी तनाव के कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल और गैस की सप्लाई चेन बुरी तरह बाधित हुई है। इस वैश्विक संकट की आड़ में शहबाज सरकार ने विमानन ईंधन यानी जेट फ्यूल की कीमतों में 13.23 पाकिस्तानी रुपये प्रति लीटर की भारी बढ़ोतरी कर दी है।

इस सरकारी फैसले के बाद जेट ईंधन की नई कीमत 251.02 पाकिस्तानी रुपये प्रति लीटर निर्धारित कर दी गई है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह बढ़ोतरी एयरलाइंस की संचालन लागत को काफी बढ़ा देगी, जिसका खामियाजा अंततः यात्रियों को भुगतना पड़ेगा। आने वाले दिनों में पाकिस्तान इंटरनेशनल एयरलाइंस (PIA) और अन्य निजी विमानन कंपनियों द्वारा हवाई किराये में वृद्धि की प्रबल संभावना है।

पेट्रोल और डीजल की कीमतों पर भी संकट

जेट ईंधन के अलावा पाकिस्तान में पेट्रोल और हाई-स्पीड डीजल (HSD) की कीमतों में भी भारी उछाल आने के संकेत हैं। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की तेजी के कारण ऐसी अटकलें लगाई जा रही हैं कि पेट्रोल की कीमतों में करीब 13 रुपये प्रति लीटर और डीजल की कीमतों में लगभग 14 रुपये प्रति लीटर तक का इजाफा किया जा सकता है।

यह स्थिति इसलिए भी चुनौतीपूर्ण है क्योंकि हाल ही में 28 जून को सरकार ने पेट्रोल और हाई-स्पीड डीजल पर पेट्रोलियम लेवी में बढ़ोतरी की थी। वर्तमान आंकड़ों के मुताबिक, हाई-स्पीड डीजल पर पेट्रोलियम लेवी को बढ़ाकर 79.54 पाकिस्तानी रुपये प्रति लीटर और पेट्रोल पर 66.64 पाकिस्तानी रुपये प्रति लीटर कर दिया गया है। उस समय सरकार ने लेवी तो बढ़ाई थी, लेकिन खुदरा कीमतों में बदलाव से परहेज किया था।

आम जनता को नहीं मिला राहत का कोई रास्ता

सरकार की आर्थिक नीतियों पर सवाल उठाते हुए आलोचकों का कहना है कि जब अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल के भाव कम हुए थे, तब सरकार ने उस गिरावट का लाभ आम जनता तक नहीं पहुंचाया। केवल केरोसीन तेल की कीमत में 6.85 पाकिस्तानी रुपये की मामूली कटौती करते हुए उसे 227.05 पाकिस्तानी रुपये प्रति लीटर किया गया था।

वर्तमान में जिस तरह से ईंधन पर कर और लेवी का बोझ बढ़ाया जा रहा है, उसका असर सिर्फ विमानन क्षेत्र तक ही सीमित नहीं रहेगा। बढ़ती परिचालन लागत के कारण हर तरह की वस्तुओं की ढुलाई महंगी होगी, जिससे आम उपभोक्ता सामानों की कीमतों में भी आग लग सकती है। इस समय पाकिस्तान में आम जनता की नजरें एयरलाइंस के अगले किराया संशोधन पर टिकी हुई हैं, क्योंकि कंपनियों के लिए पुरानी दरों पर उड़ान भरना अब मुश्किल हो चला है। शहबाज शरीफ और आसिम मुनीर के बीच सामंजस्यपूर्ण संबंधों के बावजूद, देश की आर्थिक और सुरक्षा चुनौतियां लगातार विकराल होती जा रही हैं।

https://hindi.news18.com/world/pakistan-air-fares-likely-to-increase-shehbaz-sharif-government-raise-jet-fuel-price-millions-will-impacted-asim-munir-10649791.html