धान की जगह उगाएं मक्का या मूंगफली, हरियाणा सरकार देगी 8,000 रुपये प्रति एकड़ का इनाम

हरियाणा सरकार की 'मेरा पानी मेरी विरासत' योजना के तहत धान छोड़कर कम पानी वाली वैकल्पिक फसलें उगाने वाले किसानों को 8,000 रुपये प्रति एकड़ की प्रोत्साहन राशि दी जा रही है।

गिरते भूजल स्तर के बीच किसानों के लिए बड़ी राहत

लगातार गिरते भूजल स्तर और सिंचाई की बढ़ती लागत से परेशान किसानों के लिए हरियाणा सरकार एक बेहतरीन राहत योजना लेकर आई है। राज्य सरकार की 'मेरा पानी मेरी विरासत' योजना के तहत किसानों को धान की पारंपरिक खेती छोड़कर कम पानी वाली वैकल्पिक फसलें उगाने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है। इस योजना के अंतर्गत धान के स्थान पर दूसरी कम पानी वाली फसलें बोने वाले किसानों को सरकार की ओर से 8,000 रुपये प्रति एकड़ की प्रोत्साहन राशि दी जा रही है।

इन 10 फसलों की खेती पर मिलेगा प्रोत्साहन

अंबाला के कृषि विभाग के डीडीए जसविंदर सिंह ने बताया कि किसान इस योजना का लाभ उठाकर आर्थिक रूप से मजबूत हो सकते हैं। इस योजना के दायरे में कुल 10 वैकल्पिक फसलों को शामिल किया गया है। किसान धान के बदले निम्नलिखित फसलें उगाकर इस योजना का सीधे लाभ उठा सकते हैं:

  • मक्का
  • कपास
  • मूंग
  • उड़द
  • अरहर
  • ग्वार
  • सोयाबीन
  • तिल
  • मूंगफली
  • अरंडी

मक्का की बुवाई के लिए 15 जुलाई तक का समय

कृषि अधिकारियों के अनुसार, इस समय किसान मक्का की खेती को प्राथमिकता दे सकते हैं। मक्का की बिजाई करने का सबसे अनुकूल समय 15 जुलाई तक है। यदि किसान इस फसल की बुवाई के लिए चौड़े खूड़ विधि का उपयोग करते हैं, तो इससे पानी की भारी बचत होती है। इस वैज्ञानिक विधि से खेती करने पर सिंचाई में लगभग 30 से 35 प्रतिशत तक कम पानी खर्च होता है, जिससे किसानों की खेती की लागत काफी कम हो जाती है।

https://hindi.news18.com/news/agriculture/how-to-apply-mera-pani-meri-virasat-scheme-local18-10639600.html