दूध के चुनाव में उलझन
भारत में दूध को आहार का अनिवार्य हिस्सा माना जाता है। सुबह की चाय से लेकर रात के खाने तक दूध का इस्तेमाल हर घर में होता है। बच्चों की लंबाई बढ़ाने से लेकर बुजुर्गों की हड्डियों को मजबूती देने तक दूध को एक संपूर्ण पोषण का स्रोत माना गया है। लेकिन फिटनेस के प्रति जागरूक लोगों के बीच हमेशा यह चर्चा रहती है कि आखिर गाय और भैंस के दूध में से कौन सा विकल्प शरीर बनाने के लिए श्रेष्ठ है।
प्रोटीन की मात्रा का अंतर
अगर आपका मुख्य लक्ष्य प्रोटीन इनटेक बढ़ाना और मांसपेशियों का निर्माण करना है, तो आंकड़ों के नजरिए से भैंस का दूध एक प्रभावशाली विकल्प है। भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद (ICMR) के ताजा आंकड़ों पर गौर करें, तो पोषण के स्तर में इनके बीच स्पष्ट अंतर है:
- गाय का दूध: हर 100 मिलीलीटर दूध में करीब 3.2 ग्राम प्रोटीन मिलता है।
- भैंस का दूध: हर 100 मिलीलीटर दूध में लगभग 4.5 ग्राम प्रोटीन की मात्रा पाई जाती है।
इस प्रकार, प्रोटीन की अधिकता के मामले में भैंस का दूध गाय के दूध से काफी बेहतर साबित होता है।
पाचन और स्वास्थ्य का संतुलन
हालांकि भैंस के दूध में प्रोटीन अधिक होता है, लेकिन फिटनेस विशेषज्ञों का मानना है कि केवल एक मानक पर फैसला लेना सही नहीं है। गाय का दूध भैंस के दूध की तुलना में अधिक हल्का और पचाने में सरल होता है। जो लोग दूध को आसानी से पचा नहीं पाते, उनके लिए गाय का दूध अधिक उपयुक्त माना जाता है। अंततः आपको अपनी शारीरिक क्षमता और जीवनशैली की जरूरतों को समझते हुए ही दूध का चुनाव करना चाहिए ताकि आप अपनी सेहत और फिटनेस लक्ष्यों को बेहतर तरीके से हासिल कर सकें।
https://hindi.news18.com/news/lifestyle/recipe-cow-or-buffalo-which-milk-has-more-protein-benefits-of-drinking-a-glass-of-milk-daily-ws-l-10619391.html