Canada ने खालिस्तानी गतिविधियों पर कसा शिकंजा, संसद से पास हुआ C-9 बिल

कनाडा ने धार्मिक नफरत और कट्टरपंथ को रोकने के लिए नया C-9 बिल पास कर दिया है, जिसका हिंदू संगठनों ने स्वागत किया है।

कनाडा में नया कानून लागू

कनाडा ने देश में धार्मिक नफरत और कट्टरपंथी गतिविधियों पर लगाम लगाने के लिए C-9 यानी Combating Hate Act को मंजूरी दे दी है। इस कानून का मुख्य उद्देश्य लोगों की धार्मिक आजादी की रक्षा करना और उन्हें सुरक्षा प्रदान करना है। सरकार का मानना है कि इससे अलग-अलग धार्मिक समुदायों के खिलाफ बढ़ रही धमकियों और नफरत पर रोक लगाने में मदद मिलेगी।

हिंदू संगठनों ने जताई खुशी

इस बिल के पास होने पर विभिन्न हिंदू संगठनों ने सकारात्मक प्रतिक्रिया दी है। Coalition of Hindus of North America का कहना है कि यह कानून धार्मिक स्थलों और समुदायों को सुरक्षा देने में काफी मददगार साबित होगा। संगठनों ने यह भी रेखांकित किया कि पिछले कुछ वर्षों में कनाडा में हिंदू समुदाय को लगातार खालिस्तानी चरमपंथी समूहों की धमकियों का सामना करना पड़ा है।

कानून की मुख्य विशेषताएं

  • धार्मिक और सामुदायिक स्थलों के आसपास सुरक्षा के लिए विशेष इंतजाम किए जाएंगे।
  • नफरत फैलाने वाले प्रतीकों और गतिविधियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई का प्रावधान है।
  • Hindu Canadian Foundation के अनुसार, इस कानून ने Swastika और नाजी प्रतीक Hakenkreuz के बीच के अंतर को स्पष्ट कर दिया है।
  • Swastika को हिंदू, बौद्ध और जैन धर्मों में शांति और शुभता का प्रतीक माना गया है।

आगे की चुनौतियां

इस फैसले का समर्थन करने वाले 100 से अधिक संगठनों का मानना है कि यह कदम बहुसांस्कृतिक समाज में सम्मान बढ़ाएगा। हालांकि, संगठनों का यह भी कहना है कि केवल कानून बनाना काफी नहीं है। सरकार को इसे जमीन पर प्रभावी तरीके से लागू करना होगा क्योंकि अभी भी कई कनाडाई हिंदू खालिस्तानी कट्टरपंथियों से मिल रही धमकियों और उत्पीड़न का सामना कर रहे हैं।

https://hindi.news18.com/world/rest-of-world-canada-passed-a-new-combating-hate-act-to-prevent-religious-hatred-and-fundamentalist-activities-10588652.html