धान की खेती में क्यों पिछड़ रहे हैं किसान?
खरीफ सीजन में अधिकतर किसान धान की खेती को ही प्राथमिकता देते हैं, लेकिन कृषि विभाग के आंकड़े एक अलग ही तस्वीर पेश करते हैं। धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) मात्र 2,441 रुपये प्रति क्विंटल है, जो तिलहनी और दलहनी फसलों की तुलना में काफी कम पड़ता है।
इन फसलों का MSP है कई गुना ज्यादा
अगर किसान धान की जगह दूसरी फसलों की ओर रुख करें, तो बाजार और MSP दोनों मोर्चों पर उनकी आमदनी बड़े पैमाने पर बढ़ सकती है। कृषि विभाग द्वारा तय MSP इस प्रकार है:
- तिल: 9,267 रुपये प्रति क्विंटल — धान से करीब 4 गुना अधिक
- मूंग: 8,768 रुपये प्रति क्विंटल — धान के MSP से 3 गुना से भी ज्यादा
- सोयाबीन: 5,328 रुपये प्रति क्विंटल — धान की तुलना में दोगुने से अधिक
कृषि एक्सपर्ट क्या कहते हैं?
कृषि विशेषज्ञों की राय है कि तिलहनी और दलहनी फसलें न केवल MSP के लिहाज से बल्कि बाजार भाव के नजरिए से भी किसानों के लिए एक मजबूत विकल्प हैं। कम लागत में इन फसलों की खेती करके किसान धान की खेती के मुकाबले 3 से 4 गुना तक ज्यादा कमाई कर सकते हैं।
https://hindi.news18.com/videos/agriculture/msp-3-4-times-higher-than-that-of-paddy-sowing-these-crops-in-june-boost-income-local18-10584472.html