पुलिस ने आरोपों को बताया आधारहीन
पश्चिम बंगाल की राजनीति में उस समय हड़कंप मच गया जब पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को लेकर एक बड़ी और सनसनीखेज खबर सामने आई। मंगलवार को तृणमूल कांग्रेस के ममता गुट की ओर से यह दावा किया गया कि एक नशे की आदी महिला ने ममता बनर्जी पर चाकू से हमला करने का प्रयास किया है। हालांकि, इस मामले ने तूल पकड़ा तो कोलकाता के पुलिस आयुक्त ने सामने आकर इन दावों की सच्चाई बयां की। पुलिस आयुक्त ने स्पष्ट शब्दों में कहा है कि ममता बनर्जी पर हमले के आरोपों में कोई दम नहीं है। पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा की गई जांच के बाद इन दावों को पूरी तरह से खारिज कर दिया गया है।
क्या था पूरा मामला
मंगलवार को यह जानकारी सामने आई थी कि राज्य की पूर्व मुख्यमंत्री को निशाना बनाने की कोशिश की गई। राजनीतिक गलियारों में इस खबर के फैलते ही सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठने लगे थे। पार्टी की ओर से आरोप लगाया गया था कि जिस महिला ने कथित तौर पर इस घटना को अंजाम देने की कोशिश की, वह नशे की हालत में थी। इस घटना के बाद ममता बनर्जी की सुरक्षा और प्रदेश की कानून व्यवस्था को लेकर गंभीर चिंताएं जताई गई थीं। सोशल मीडिया और अन्य प्लेटफॉर्म्स पर भी यह मुद्दा तेजी से गरमाया, जिसके बाद प्रशासन हरकत में आया और पूरे घटनाक्रम की गहन छानबीन शुरू की गई।
आयुक्त का बयान और जांच का निष्कर्ष
कोलकाता पुलिस के शीर्ष अधिकारी ने मामले की गंभीरता को देखते हुए प्रेस को जानकारी दी। उन्होंने मीडिया के सामने स्पष्ट किया कि पुलिस ने मामले की विस्तृत पड़ताल की है और इसमें कोई ऐसी घटना प्रमाणित नहीं हुई है जैसा कि शिकायत में दावा किया गया था। पुलिस आयुक्त के अनुसार, इस पूरे मामले में की गई शिकायत का कोई आधार नहीं है और यह पूरी तरह से तथ्यहीन साबित हुई है। इस बयान के आने के बाद राजनीतिक खेमों में चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया है। प्रशासन की ओर से अब इस बात पर जोर दिया जा रहा है कि भ्रामक सूचनाएं न फैलाई जाएं।
सुरक्षा पर उठे थे सवाल
घटना की खबर सामने आने के बाद ममता बनर्जी के समर्थकों और पार्टी कार्यकर्ताओं में काफी रोष देखा गया था। पार्टी के नेताओं ने यह तर्क दिया था कि जो नेता 3 बार राज्य की मुख्यमंत्री रह चुकी हों, उनकी सुरक्षा में इस तरह की सेंध लगना चिंता का विषय है। पार्टी ने घटना के समय सुरक्षा चूक का मुद्दा उठाते हुए कड़े कदम उठाने की मांग की थी। हालांकि, पुलिस के आधिकारिक इनकार के बाद अब उन दावों पर सवालिया निशान लग गए हैं जो कल तक सोशल मीडिया पर और राजनीतिक मंचों पर गूंज रहे थे।
पश्चिम बंगाल में अन्य घटनाएं
हाल के दिनों में पश्चिम बंगाल से अपराध और दुर्घटनाओं से जुड़ी कई खबरें सामने आई हैं, जिन्होंने आम लोगों को परेशान किया है। ममता बनर्जी से जुड़े इस विवाद के इतर राज्य के अन्य हिस्सों से भी घटनाएं रिपोर्ट की गई हैं:
- बर्धमान में नकली नोट: एक बड़ी कार्रवाई में बर्धमान से एक दंपति समेत कुल 3 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। उनके पास से 1 लाख रुपये के नकली नोट बरामद हुए हैं, जिनका खुलासा नोटों के सीरियल नंबर की जांच के बाद हुआ।
- Blue Dart कार्यालय में चोरी: एक अन्य घटना में चोरों ने Blue Dart के दफ्तर को निशाना बनाया। यहां से चोर 2 लाख रुपये की नकदी और सीसीटीवी की हार्ड डिस्क लेकर फरार हो गए। इसी दौरान चोरों ने पास की अन्य दुकानों को भी अपना निशाना बनाया।
- नेशनल हाईवे पर आग का गोला बनी कार: एक अन्य डरावनी घटना में चलती हुई कार अचानक आग का गोला बन गई। हाईवे पर मौजूद लोगों ने कूदकर किसी तरह अपनी जान बचाई।
कोलकाता पुलिस कमिश्नर का यह बयान प्रशासन के उस रुख को दर्शाता है जिसमें वह किसी भी तरह की अफवाह को फैलने से रोकने के लिए सख्ती दिखा रहे हैं। अब देखना यह होगा कि क्या इस मामले पर कोई और स्पष्टीकरण आता है या फिर पुलिस की जांच रिपोर्ट ही अंतिम सत्य मानी जाएगी। फिलहाल राज्य में इस मसले को लेकर राजनीतिक गलियारों में बहस जारी है और पुलिस की आधिकारिक प्रतिक्रिया को ही इस मामले का अंत माना जा रहा है।
https://www.indiatv.in/west-bengal/kolkata-police-commissioner-dismisses-claims-of-a-knife-attack-on-mamata-banerjee-says-there-is-no-substance-to-the-complaint-2026-10-14-1248847