सऊदी अरब की राजधानी रियाद के किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर फिर से हमला, थम गईं उड़ानें

सऊदी अरब की राजधानी रियाद के मुख्य हवाई अड्डे को एक बार फिर निशाना बनाया गया है, जिसके चलते सुरक्षा कारणों से विमानों की आवाजाही को रोकना पड़ा और अफरा-तफरी की स्थिति उत्पन्न हो गई।

रियाद में सुरक्षा अलर्ट और उड़ानों का परिचालन प्रभावित

सऊदी अरब की राजधानी रियाद में स्थित किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर शनिवार को फिर से हमला किए जाने की खबर है। इस घटना के बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया और आनन-फानन में हवाई अड्डे को खाली कराने की प्रक्रिया शुरू की गई। सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए अधिकारियों ने तत्काल प्रभाव से एयर ट्रैफिक यानी विमानों की आवाजाही पर रोक लगा दी है। इस हमले की पुष्टि दो क्षेत्रीय अधिकारियों ने की है। यह घटनाक्रम ऐसे वक्त में सामने आया है जब महज 2 दिन पहले ही इसी हवाई अड्डे पर हुए एक अन्य हमले में 3 सऊदी नागरिकों की जान चली गई थी, जिनमें एक पायलट भी शामिल था। ईरान और सऊदी अरब के बीच जारी तनाव के नए मोर्चे पर राजधानी लगातार हमलों की जद में है।

खाली कराया गया टर्मिनल और यात्रियों के लिए निर्देश

प्राप्त जानकारी के मुताबिक, हमले की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन सक्रिय हो गया। सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए हवाई अड्डे को खाली करा लिया गया है। इस घटना के बारे में जानकारी देने वाले दोनों अधिकारियों ने अपना नाम सार्वजनिक नहीं करने का आग्रह किया है क्योंकि उन्हें इस संबंध में मीडिया से बातचीत करने की आधिकारिक अनुमति नहीं मिली थी। हवाई अड्डा प्रशासन ने यात्रियों के लिए एक जरूरी सूचना जारी की है। इसमें स्पष्ट किया गया है कि जो यात्री अपनी यात्रा के लिए निकलने वाले हैं, वे एयरपोर्ट के लिए रवाना होने से पहले संबंधित एयरलाइंस से अपनी उड़ान की स्थिति की पूरी जानकारी जरूर हासिल कर लें ताकि उन्हें असुविधा न हो।

एक सप्ताह के भीतर बार-बार निशाना बना रियाद

पिछले एक सप्ताह की बात करें तो किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट को लगातार निशाना बनाया जा रहा है। यह हमलों का सिलसिला तब से और अधिक तीव्र हो गया है जब सऊदी अरब की अगुवाई में एक सैन्य गठबंधन ने यमन में ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों के विरुद्ध एक व्यापक सैन्य अभियान छेड़ा है। इससे पहले बुधवार को हुए एक घातक हमले में सूडान के एक नागरिक की मौत की पुष्टि हुई थी। हालांकि, बुधवार के हमलों की जिम्मेदारी हूती विद्रोहियों ने ली थी, लेकिन शनिवार के इस ताज़ा हमले को लेकर हूती गुट की तरफ से अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।

जोरदार धमाकों से दहल उठा रियाद शहर

रियाद के स्थानीय निवासी अहमद सैयद के अनुसार, शहर के अलग-अलग हिस्सों से कम से कम 2 जोरदार धमाकों की आवाजें सुनी गईं, जिससे राजधानी में भय का माहौल पैदा हो गया। फिलहाल इस बात की स्पष्ट जानकारी नहीं मिल पाई है कि यह हमला किस माध्यम से किया गया और इससे बुनियादी ढांचे को कितना नुकसान पहुंचा है। सऊदी सरकार के अधिकारियों ने भी इस घटना पर विस्तार से कोई टिप्पणी नहीं की है। वर्तमान में सऊदी समर्थित यमनी सरकारी सेना और हूती विद्रोहियों के बीच भीषण संघर्ष चल रहा है। गठबंधन सेना यमनी सरकार को हवाई समर्थन दे रही है ताकि लाल सागर के समीप हूती विद्रोहियों के बढ़ते प्रभाव को नियंत्रित किया जा सके।

हूती विद्रोहियों की रणनीति और समुद्री मार्ग पर संकट

हूती विद्रोहियों को हालिया सैन्य स्थितियों के चलते समुद्री जहाजों की गतिविधियों पर कड़ी नजर रखने का मौका मिल गया है। यह समुद्री गलियारा अंतरराष्ट्रीय व्यापार की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है, क्योंकि होर्मुज जलडमरूमध्य के विकल्प के तौर पर भी इसका उपयोग संभव है। हूती विद्रोही दावा कर रहे हैं कि वे केवल सऊदी जहाजों को निशाना बना रहे हैं और यह कार्रवाई उनके खिलाफ की गई नाकेबंदी के जवाब में है। बावजूद इसके, क्षेत्र में डर बना हुआ है कि ये हमले अन्य महत्वपूर्ण स्थानों पर भी फैल सकते हैं।

https://www.indiatv.in/world/asia/riyadh-airport-targeted-again-amid-houthi-attacks-flights-suspended-and-terminal-evacuated-2026-10-10-1248103