बारिश की फुहारों के बीच गर्मागर्म और तीखा खाने की चाहत हर किसी की होती है। ऐसे मौसम में मोमोज का ख्याल आते ही मुंह में पानी आ जाना स्वाभाविक है। भारतीय बाजारों और हर नुक्कड़ पर आपको मोमोज बेचने वाले आसानी से मिल जाएंगे, जहां शाम होते ही लोगों की भारी भीड़ नजर आने लगती है। लेकिन बारिश के इस मौसम में बाहर का खाना कई बार सेहत के लिहाज से ठीक नहीं माना जाता। मानसून के दौरान संक्रमण और पेट की बीमारियों का खतरा काफी बढ़ जाता है, इसलिए कई लोग बाहर के मोमोज खाने से परहेज करते हैं। अगर आप भी बाहर की साफ-सफाई को लेकर चिंतित हैं और बाजार जाने से बचना चाहते हैं, तो अब आपको अपनी पसंदीदा डिश से समझौता करने की जरूरत नहीं है। आप अपने ही घर में बेहद आसान तरीके से और वह भी बिना किसी विशेष स्टीमर के बाजार से भी ज्यादा स्वादिष्ट और सेहतमंद मोमोज तैयार कर सकते हैं।
घर पर बने मोमोज क्यों हैं बाहर से बेहतर? जानिए इसके फायदे
अक्सर लोग मोमोज के दीवाने होते हैं, लेकिन बाजार में मिलने वाले मोमोज को लेकर उनके मन में स्वच्छता और इस्तेमाल की जाने वाली सामग्री की गुणवत्ता को लेकर कई सवाल उठते हैं। बाजार में मोमोज बनाते समय किस तरह के मैदे, तेल या फिर सब्जियों का इस्तेमाल किया जा रहा है, इसकी पूरी जानकारी हमें नहीं होती। इसके विपरीत, जब आप घर पर मोमोज बनाते हैं, तो आपके पास हर चीज पर पूरा नियंत्रण होता है।
लोकल18 से विशेष बातचीत के दौरान मोमोज विशेषज्ञ वरुण ने बताया कि घर पर मोमोज तैयार करना बहुत ही सरल है और इसके लिए आपको किसी महंगे उपकरण या स्टीमर को खरीदने की बिल्कुल जरूरत नहीं है। घर की रसोई में मौजूद एक साधारण सी कढ़ाई में भी इसे महज 10 से 15 मिनट में भाप देकर आसानी से पकाया जा सकता है। घर पर मोमोज बनाते समय आप अपनी पसंद की ताजी और चुनिंदा सब्जियों का इस्तेमाल कर सकते हैं। इसके अलावा, तेल और मसालों की मात्रा को भी अपनी सेहत के अनुसार नियंत्रित कर सकते हैं, जिससे यह स्वाद के साथ-साथ आपकी सेहत के लिए भी पूरी तरह से सुरक्षित रहता है।
मोमोज बनाने के लिए आवश्यक सामग्री
स्वादिष्ट और बेहतरीन मोमोज तैयार करने के लिए बहुत अधिक जटिल सामग्री की आवश्यकता नहीं होती है। आपकी रसोई में आसानी से मिलने वाली चीजों से ही इसे तैयार किया जा सकता है। घर पर मोमोज बनाने के लिए आपको निम्नलिखित सामग्रियों की आवश्यकता होगी:
- मैदा: दो कप मैदा
- नमक: आधा छोटा चम्मच (स्वादानुसार)
- पानी: लगभग एक कप (आटा गूंथने के लिए)
- पत्तागोभी: लगभग 200 ग्राम, बिल्कुल बारीक कटी हुई
- गाजर: एक मध्यम आकार की, बारीक कसी हुई
- प्याज: एक बारीक कटा हुआ
- काली मिर्च पाउडर: आधा चम्मच
- अदरक-लहसुन का पेस्ट: आधा छोटा चम्मच
- सोया सॉस: एक चम्मच
- तेल: एक से दो चम्मच (सब्जियां भूनने और ग्रीसिंग के लिए)
ध्यान रहे कि स्टफिंग के लिए आप जिन भी सब्जियों का चयन कर रहे हैं, वे पूरी तरह से ताजी और अच्छी तरह धुली होनी चाहिए। सब्जियों को जितना बारीक काटा जाएगा, मोमोज के अंदर की भरावन उतनी ही लाजवाब बनेगी और मोमोज पकते समय उनके फटने का डर भी नहीं रहेगा।
स्टेप-बाय-स्टेप रेसिपी: पहले तैयार करें आटा और भरावन
मोमोज बनाने की शुरुआत मैदा गूंथने से होती है। इसके लिए एक बड़े बर्तन में दो कप मैदा छान लें। अब इसमें आधा चम्मच नमक डालें। इसके बाद थोड़ा-थोड़ा पानी मिलाते हुए एक मध्यम नरम आटा गूंथ लें। ध्यान रहे कि आटा न तो बहुत ज्यादा सख्त होना चाहिए और न ही बहुत ज्यादा गीला। जब आटा अच्छी तरह से गूंथ जाए, तो इसे एक गीले सूती कपड़े से ढककर करीब 15 से 20 मिनट के लिए अलग रख दें। इससे मैदा अच्छे से सेट हो जाता है और मोमोज की बाहरी परत काफी मुलायम बनती है।
जब तक मैदा सेट हो रहा है, तब तक आप मोमोज की स्वादिष्ट स्टफिंग यानी भरावन तैयार कर सकते हैं। इसके लिए गैस पर एक पैन या कड़ाही रखें और उसमें एक चम्मच तेल डालकर गर्म करें। तेल के गर्म होते ही उसमें आधा चम्मच अदरक-लहसुन का पेस्ट डालें और इसे धीमी आंच पर हल्का सा भून लें ताकि इसका कच्चापन दूर हो जाए। अब इसमें बारीक कटी हुई पत्तागोभी, कद्दूकस की हुई गाजर और बारीक कटा हुआ प्याज डाल दें।
सब्जियों को मध्यम आंच पर लगातार चलाते हुए लगभग 8 मिनट तक भूनें। यहां इस बात का विशेष ध्यान रखें कि सब्जियों को बहुत अधिक नहीं पकाना है, उनका कुरकुरापन बना रहना चाहिए। अब इसमें स्वादानुसार नमक, आधा चम्मच काली मिर्च पाउडर और एक चम्मच सोया सॉस डालें। सभी सामग्रियों को अच्छी तरह से मिलाकर गैस बंद कर दें और इस मिश्रण को ठंडा होने के लिए एक थाली में फैलाकर रख दें।
मोमोज को आकार देने की कला
अब समय आता है मोमोज को सुंदर आकार देने का। सेट हो चुके मैदे के आटे को एक बार फिर से हाथ से अच्छी तरह मसल लें। इसके बाद इसकी छोटी-छोटी लोइयां तोड़ लें, जो लगभग छोटे कंचे के आकार की होनी चाहिए। हर लोई को सूखे मैदे की मदद से गोल और बेहद पतली पूरी की तरह बेल लें। ध्यान रखें कि पूरी के किनारे पतले होने चाहिए और बीच का हिस्सा थोड़ा सा मोटा रह सकता है।
अब इस बेली हुई पूरी के ठीक बीच में एक छोटा चम्मच तैयार की गई सब्जियों की ठंडी स्टफिंग रखें। पूरी के किनारों को आपस में मिलाते हुए छोटी-छोटी सिलवटें बनाएं और उन्हें आपस में जोड़ते हुए मोमोज को बंद कर दें। आप चाहें तो इसे गोल पोटली का आकार दे सकते हैं या फिर गुजिया जैसा पारंपरिक आकार भी दे सकते हैं। इसी तरह एक-एक करके सारे मोमोज तैयार कर लें और उन्हें एक प्लेट में थोड़ी दूरी पर रखते जाएं ताकि वे आपस में चिपकें नहीं।
बिना स्टीमर के कढ़ाई में पकाने की अनूठी तकनीक
अगर आपके पास मोमोज स्टीमर नहीं है, तो बिल्कुल भी चिंता न करें। आप अपनी रसोई की साधारण गहरी कढ़ाई से ही यह काम बखूबी कर सकते हैं। इसके लिए सबसे पहले कढ़ाई को गैस पर रखें और उसमें करीब दो से तीन कप पानी डालकर उबलने के लिए रख दें। अब कढ़ाई के बीचों-बीच एक छोटा स्टील का स्टैंड या उल्टी करके एक छोटी कटोरी रख दें।
इसके बाद एक ऐसी जालीदार प्लेट या साधारण स्टील की प्लेट लें, जो कढ़ाई के आकार में बिल्कुल सही बैठती हो। इस प्लेट की सतह पर ब्रश की मदद से थोड़ा सा तेल लगा दें, ताकि मोमोज पकने के बाद प्लेट से न चिपकें। अब इस प्लेट को कढ़ाई के अंदर रखे स्टैंड के ऊपर सावधानी से रख दें। सुनिश्चित करें कि पानी का स्तर प्लेट को न छुए।
अब प्लेट पर थोड़ी-थोड़ी दूरी पर तैयार किए गए मोमोज रख दें। इसके बाद कढ़ाई को एक बड़े और गहरे ढक्कन से अच्छी तरह से ढक दें ताकि भाप बाहर न निकल सके। गैस की आंच को मध्यम रखें और मोमोज को लगभग 10 से 15 मिनट तक भाप में पकने दें। जब मोमोज की बाहरी परत हल्की पारदर्शी दिखने लगे और वे छूने पर चिपचिपे न लगें, तो समझ जाएं कि आपके मोमोज पूरी तरह से पक चुके हैं।
गर्मागर्म परोसें और स्वाद का आनंद लें
मोमोज के अच्छी तरह पक जाने के बाद गैस बंद कर दें। ढक्कन हटाते समय विशेष सावधानी बरतें क्योंकि अंदर काफी गर्म भाप होती है। मोमोज को थोड़ा ठंडा होने दें और फिर चिमटे या चम्मच की मदद से प्लेट से बाहर निकालें। अब आपके गर्मागर्म, बेहद लजीज और स्वास्थ्यवर्धक मोमोज परोसने के लिए तैयार हैं।
इन्हें आप तीखी लाल मिर्च और लहसुन की चटनी या फिर मेयोनीज के साथ परोस सकते हैं। बारिश की ठंडी बूंदों के बीच इन गर्मागर्म मोमोज का स्वाद दोगुना हो जाता है। हालांकि, वरुण यह भी सलाह देते हैं कि मैदा सेहत के लिए बहुत ज्यादा अनुकूल नहीं होता, इसलिए घर पर बने होने के बावजूद मोमोज को रोजाना के नियमित आहार में शामिल करने के बजाय कभी-कभार स्वाद बदलने के लिए खाना ही बेहतर विकल्प है।
https://hindi.news18.com/photogallery/lifestyle/recipe-momos-demand-rises-in-rain-make-at-home-without-steamer-know-full-recipe-local18-10788658.html