पंजाब कर्मचारियों के वेतन को लेकर मान सरकार का बड़ा दावा, केंद्र के मुकाबले 70 प्रतिशत तक अधिक सैलरी

पंजाब सरकार ने एक आधिकारिक बयान जारी कर स्पष्ट किया है कि राज्य के कर्मचारियों का वेतन केंद्र सरकार के समकक्षों से काफी बेहतर है और हाई कोर्ट के आदेश के बाद सरकार वित्तीय स्थिति पर मंथन कर रही है।

पंजाब सरकार की वेतन संरचना पर सफाई

पंजाब सरकार ने हाल ही में एक महत्वपूर्ण बयान जारी करते हुए दावा किया है कि राज्य के कर्मचारियों को केंद्र सरकार के कर्मचारियों की तुलना में काफी ज्यादा वेतन मिल रहा है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार, राज्य की वर्तमान वेतन व्यवस्था में विभिन्न श्रेणियों के कर्मचारी केंद्र सरकार के मुकाबले 30 प्रतिशत से लेकर 70 प्रतिशत तक अधिक वेतन प्राप्त कर रहे हैं। सरकार ने जोर देकर कहा कि पंजाब में वेतनमान का ढांचा हमेशा से ही केंद्र के मुकाबले उच्च स्तर पर रहा है।

महंगाई भत्ते और हाई कोर्ट का निर्देश

यह आधिकारिक बयान पंजाब और हरियाणा हाई कोर्ट के उस आदेश के बाद आया है, जिसमें कोर्ट ने राज्य सरकार को अपने कर्मचारियों और पेंशनभोगियों का बकाया DA दो हफ़्ते के भीतर जारी करने का निर्देश दिया था। सरकार का कहना है कि हालांकि केंद्र सरकार वर्तमान में 60 प्रतिशत महंगाई भत्ता (DA) दे रही है, जबकि पंजाब में यह दर 42 प्रतिशत है, फिर भी कुल मासिक वेतन के मामले में राज्य के कर्मी बेहतर स्थिति में हैं। सरकार के मुताबिक, राज्य के उच्च वेतनमानों के कारण केंद्र के समान उच्च DA दर को लागू करना व्यावहारिक नहीं है, क्योंकि दोनों वेतन ढांचों का मिलान करना संभव नहीं है।

सरकार का पक्ष और वित्तीय दबाव

पंजाब सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि महंगाई भत्ता तय करना पूरी तरह से राज्य का अपना नीतिगत मामला है। सरकार ने चिंता जताई है कि पंजाब देश के प्रमुख राज्यों में शामिल है जहां वेतन और पेंशन का बोझ पहले से ही बहुत ज्यादा है। इस वित्तीय भार पर सरकार ने कहा, यदि हाई कोर्ट के हालिया निर्देशों को पूरी तरह लागू किया जाता है, तो राज्य पर वित्तीय दबाव और अधिक बढ़ जाएगा। इससे राज्य के पास विकासात्मक कार्यों और बुनियादी ढांचा परियोजनाओं यानी पूंजीगत खर्च के लिए बहुत कम राशि बचेगी।

वेतन का तुलनात्मक उदाहरण

अपनी बात को पुष्ट करने के लिए पंजाब सरकार ने कुछ उदाहरण भी पेश किए हैं:

  • पंजाब में एक क्लर्क का कुल मासिक वेतन 54,812 रुपये है, जबकि केंद्र सरकार के क्लर्क को 36,960 रुपये ही मिलते हैं।
  • पंजाब के एक बस ड्राइवर का मासिक वेतन 40,612 रुपये है, जबकि केंद्र सरकार में समान पद पर तैनात ड्राइवर का वेतन 36,960 रुपये है।

अंत में, सरकार ने यह भरोसा दिलाया है कि वह यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है कि राज्य के किसी भी कर्मचारी को मिलने वाला कुल वेतन केंद्र सरकार के वेतनमान और वहां लागू DA दर के कुल योग से कम न हो।

https://www.indiatv.in/punjab/punjab-govt-says-its-employees-get-salaries-up-to-70-percent-higher-than-central-govt-counterparts-2026-08-04-1235180