महाराष्ट्र में देवेंद्र फडणवीस के नेतृत्व वाली सरकार ने मराठा समाज के हित में एक अहम कदम उठाया है। अब ओबीसी समाज की तरह मराठा समाज के विद्यार्थियों को भी कई तरह की शैक्षणिक सुविधाएं और रियायतें उपलब्ध कराई जाएंगी। राज्य सरकार ने इन शैक्षणिक रियायतों और सुविधाओं को अमल में लाने का फैसला किया है। ओबीसी की तर्ज पर मराठा समाज के लिए कुल 8 योजनाएं लागू करने का निर्णय लिया गया है।
मराठा समाज को इन योजनाओं का मिलेगा लाभ
- माध्यमिक शिक्षा यानी 10वीं के बाद दी जाने वाली छात्रवृत्ति योजना।
- मोटर वाहन चालक और परिचालक (कंडक्टर) के लिए प्रशिक्षण योजना।
- माध्यमिक तथा उच्च माध्यमिक कक्षाओं में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के लिए छात्रवृत्ति योजना।
- विद्यार्थियों को मिलने वाली अन्य 16 प्रकार की प्रतिपूर्ति (रिइम्बर्समेंट) से जुड़ी योजना।
- महाराष्ट्र के मूल निवासी और दूसरे राज्यों में अनुदानित एवं गैर-अनुदानित व्यावसायिक पाठ्यक्रमों में दाखिला लेने वाले विद्यार्थियों पर लागू होने वाली योजना।
- ओबीसी विद्यार्थी जिन-जिन पाठ्यक्रमों में शैक्षणिक रियायतें और सुविधाएं पाने के पात्र हैं, अब उन सभी पाठ्यक्रमों के लिए मराठा समाज के विद्यार्थी भी पात्र माने जाएंगे।
- केंद्रीयकृत प्रवेश प्रक्रिया (CAP) पूरी होने के बाद जो सीटें खाली रह जाती हैं, उन पर प्रवेश नियामक समिति द्वारा अनुमोदित संस्थान स्तर पर दाखिला लेने वाले ओबीसी विद्यार्थियों की तरह मराठा समाज के विद्यार्थियों को भी शैक्षणिक रियायतों का फायदा दिया जाएगा।
- अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए जो शैक्षणिक रियायतें और सुविधाएं फिलहाल लागू हैं या आगे चलकर लागू की जाएंगी, वे सभी अगले आदेश तक स्वतः ही मराठा समाज पर भी लागू मानी जाएंगी।
https://www.indiatv.in/maharashtra/devendra-fadnavis-govt-extends-obc-like-educational-benefits-schemes-to-maratha-community-in-maharashtra-2026-06-05-1223262