पटना में खान सर की संपत्ति को लेकर बड़ा दावा
बिहार के शिक्षा जगत में अपने कड़े तेवरों के लिए पहचाने जाने वाले ज्ञान बिंदु कोचिंग के संचालक रौशन आनंद ने एक बार फिर खान सर पर निशाना साधा है। रौशन आनंद ने एक साक्षात्कार के दौरान दावा किया कि खान सर, जिनका असली नाम फैजल खान है, ने पटना में करीब 90 बीघा जमीन खरीदी है। आनंद के अनुसार, खान सर ने गरीबी का चेहरा दिखाकर छात्रों के बीच लोकप्रियता बटोरी और उसी के दम पर पटना में भारी-भरकम संपत्ति अर्जित की है। रौशन आनंद का कहना है कि खान सर ने सिर्फ जमीन ही नहीं, बल्कि कई फ्लैट भी खरीदे हैं और करोड़ों की संपत्ति बनाई है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि छात्रों के बीच पारदर्शिता होनी चाहिए और यह स्पष्ट किया जाना चाहिए कि यह धन कहां से आया है।
90 बीघा जमीन का विवाद और अस्पष्टता
रौशन आनंद ने अपने दावों में यह भी कहा कि खान सर का असल मकसद सिर्फ कोचिंग पढ़ाना नहीं, बल्कि एक विशाल शैक्षणिक कैंपस खड़ा करना है। हालांकि, आनंद ने अपने इन आरोपों के समर्थन में किसी भी तरह के सरकारी दस्तावेज या रजिस्ट्री के प्रमाण पेश नहीं किए हैं। उन्होंने यह भी स्पष्ट नहीं किया कि यह कथित 90 बीघा जमीन पटना के किस विशेष क्षेत्र में स्थित है। इन आरोपों के चलते अब यह बहस छिड़ गई है कि क्या एक शिक्षक की आर्थिक स्थिति पर इस तरह के सार्वजनिक आरोप लगाना सही है, जबकि इसके पीछे कोई ठोस कानूनी दस्तावेज नहीं है।
कोचिंग विवाद और 2 जून की गोलीबारी
इस चर्चा के दौरान रौशन आनंद ने हाल ही में हुए कोचिंग विवादों और 2 जून को पटना में हुई गोलीबारी की घटना का भी उल्लेख किया। आनंद ने दावा किया कि 2 जून की यह घटना पहले से ही सुनियोजित थी। उन्होंने कहा कि घटना के बाद सामने आए वीडियो फुटेज और पुलिस की तफ्तीश में कई ऐसी बातें निकलकर आई हैं, जो इस साजिश की ओर इशारा करती हैं। हालांकि, इन आरोपों की अभी तक किसी स्वतंत्र एजेंसी ने पुष्टि नहीं की है। पुलिस की जांच प्रक्रिया अभी भी चल रही है और मामले में कानूनी दृष्टिकोण से ही चीजें साफ हो पाएंगी।
व्यक्तिगत क्षति और भाई की मौत का दर्द
साक्षात्कार के दौरान रौशन आनंद काफी भावुक भी नजर आए। उन्होंने अपने भाई की मृत्यु का जिक्र करते हुए कहा कि कोचिंग विवाद और उससे उपजे तनाव के चलते उन्होंने अपने भाई को खो दिया। उनके अनुसार, यह उनके और उनके परिवार के लिए एक अपूरणीय क्षति है जिसकी भरपाई कभी नहीं की जा सकती। उन्होंने इसे अपनी जिंदगी का सबसे कठिन दौर बताया।
खान सर के पॉडकास्ट पर आपत्ति
रौशन आनंद ने खान सर द्वारा हाल ही में किए गए एक पॉडकास्ट पर भी तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि एक शिक्षक के रूप में खान सर को सार्वजनिक मंचों पर अपनी भाषा और शैली को लेकर अधिक संयमित रहना चाहिए। आनंद के मुताबिक, शिक्षकों को छात्रों के बीच भावनात्मक प्रस्तुतियों से बचना चाहिए और अपनी गरिमा का ध्यान रखना चाहिए। उन्होंने कहा कि हर व्यक्ति को अपने नाम और पहचान पर गर्व होना चाहिए और इसे व्यावसायिक स्वार्थ के लिए इस्तेमाल नहीं करना चाहिए।
ज्ञान बिंदु जीएस एकेडमी का प्रदर्शन
अपने संस्थान के भविष्य और सफलता के बारे में बात करते हुए रौशन आनंद ने बड़े आंकड़े पेश किए। उन्होंने दावा किया कि बिहार पुलिस सिपाही भर्ती परीक्षा (विज्ञापन संख्या 1/2025) में उनके संस्थान से 10 हजार से अधिक छात्रों का अंतिम चयन हुआ है। उन्होंने विश्वास दिलाते हुए कहा कि उनके पास चयनित अभ्यर्थियों के रोल नंबर, एडमिट कार्ड और मेरिट लिस्ट के पुख्ता प्रमाण मौजूद हैं।
संस्थान और मुख्यमंत्री से मुलाकात की योजना
कानूनी बाधाओं और निजी मुश्किलों के बीच भी रौशन आनंद ने यह साफ कर दिया कि उनकी कोचिंग 'ज्ञान बिंदु' कभी बंद नहीं होगी। उन्होंने कहा कि वे प्रतियोगी परीक्षाओं के छात्रों को लगातार मार्गदर्शन देने के लिए प्रतिबद्ध हैं। रौशन आनंद ने अंत में बताया कि वे अपनी सुरक्षा और कोचिंग से जुड़े विभिन्न मुद्दों को लेकर राज्य के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से मिलने की कोशिश कर रहे हैं। वे मुख्यमंत्री को एक ज्ञापन सौंपकर अपनी चिंताओं को दर्ज कराना चाहते हैं, ताकि आगे की राह आसान हो सके और शैक्षणिक गतिविधियों में कोई बाधा न आए।
https://hindi.news18.com/news/bihar/patna-roshan-anand-claim-khan-sir-bought-90-bigha-land-in-patna-latest-news-local18-ws-l-10677981.html