शिमला बस हादसा: अंतिम सफर पर निकले सबके चहेते कंडक्टर जेपी नेगी, घायल छात्र बोला- हादसे के बाद उन्होंने कहा था मैं ठीक हूं

हिमाचल प्रदेश के रामपुर में हुए दर्दनाक HRTC बस हादसे में जान गंवाने वाले परिचालक जय प्रकाश नेगी को नम आंखों से विदाई दी गई, वहीं एक घायल छात्र ने हादसे के बाद उनके साथ हुई आखिरी बातचीत का खुलासा किया है।

हिमाचल प्रदेश के शिमला जिले के रामपुर क्षेत्र में हुए भीषण सड़क हादसे ने पूरे प्रदेश को गमगीन कर दिया है। इस दर्दनाक दुर्घटना में जान गंवाने वाले हिमाचल पथ परिवहन निगम (HRTC) के परिचालक जय प्रकाश नेगी की अंतिम विदाई का दृश्य अत्यंत भावुक कर देने वाला था। उनके पार्थिव शरीर को सम्मानपूर्वक घर भेजने के लिए रामपुर के खनेरी अस्पताल में पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी की गई। इसके बाद, उनके शव को फूलों से विशेष रूप से सजाई गई एक HRTC बस के जरिए उनके पैतृक गांव के लिए रवाना किया गया। इस दौरान वहां मौजूद परिजनों और उनके विभागीय सहयोगियों की आंखें पूरी तरह नम थीं।

जय प्रकाश नेगी, जिन्हें उनके करीबी और साथी प्यार से जेपी कहकर बुलाते थे, शिमला जिले के रामपुर से सटे ननखड़ी तहसील के घड़ोली गांव के निवासी थे। 42 वर्षीय जय प्रकाश अपने पीछे एक बुजुर्ग मां, पत्नी और एक बेटे सहित भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं। इस दुखद घड़ी में उनके भाई और अन्य रिश्तेदार उनका शव लेने के लिए रामपुर पहुंचे थे, जहां सभी का रो-रोकर बुरा हाल था।

घायल स्कूली छात्र की जुबानी, हादसे के तुरंत बाद क्या हुआ था?

रामपुर के खनेरी अस्पताल में भर्ती एक घायल नाबालिग छात्र ने हादसे के बाद के उन खौफनाक पलों को याद किया। छात्र ने बताया कि जब यह दुर्घटना हुई, तो बस का खिड़की का शीशा टूटने की वजह से वह बाहर गिर गया था और उसके सिर में चोट आई थी। होश में आने के बाद उसने देखा कि बस कंडक्टर जेपी नेगी भी वहीं पास में घायल अवस्था में पड़े थे।

घायल छात्र ने बताया, "मैंने जेपी अंकल से पूछा कि क्या वे ठीक हैं? इस पर उन्होंने बहुत ही शांत स्वर में मुझसे कहा कि हां, मैं बिल्कुल ठीक हूं, तुम अपनी चोट देखो।" छात्र के इस बयान से साफ है कि हादसे के तुरंत बाद तक जेपी नेगी होश में थे और अपनी परवाह किए बिना दूसरों की चिंता कर रहे थे। हालांकि, अस्पताल लाते समय रास्ते में ही उनकी स्थिति बेहद नाजुक हो गई और उन्होंने दम तोड़ दिया। जेपी नेगी के चचेरे भाई ने खनेरी अस्पताल में बताया कि उन्हें फोन पर इस भयानक हादसे की सूचना मिली थी, लेकिन जब तक वे अस्पताल पहुंचे, जेपी हमेशा के लिए इस दुनिया से विदा हो चुके थे।

सहयोगियों और दोस्तों ने सोशल मीडिया पर बयां किया अपना दर्द

जेपी नेगी के अचानक चले जाने से उनके विभाग और मित्रों में शोक की लहर दौड़ गई है। उनके मिलनसार स्वभाव और कार्य के प्रति उनकी निष्ठा को याद करते हुए लोग सोशल मीडिया पर लगातार श्रद्धांजलि दे रहे हैं।

उनके करीबी मित्र और विभागीय सहयोगी विवेक मेहता ने सोशल मीडिया पर एक बेहद भावुक संदेश साझा करते हुए लिखा:

"आज मेरा मन अत्यंत भारी है। रामपुर से खोलीघाट जा रही HRTC बस के खड़ाहन के पास गटोला में हुए इस दर्दनाक हादसे में हमारे साथी जय प्रकाश के असामयिक निधन की खबर ने मुझे स्तब्ध कर दिया है। मुझे विश्वास ही नहीं हो रहा कि जिसके साथ मैंने इतने वर्षों तक एक ही विभाग में काम किया, जिसके साथ हर रोज हंसी-मजाक किया और अनगिनत यादें साझा कीं, वह आज हमारे बीच नहीं है। जेपी भाई, आपका वह सरल और मिलनसार स्वभाव, हर किसी के प्रति सम्मान दिखाने का आपका तरीका हमें हमेशा याद रहेगा। आपका जाना केवल आपके परिवार की ही नहीं, बल्कि हम सभी सहयोगियों की एक ऐसी अपूरणीय क्षति है जिसे कभी पूरा नहीं किया जा सकेगा। भगवान आपकी आत्मा को शांति दें।"

एक अन्य मित्र सजीत भंडारी ने भी सोशल मीडिया पर जेपी नेगी को श्रद्धांजलि देते हुए गहरे दुख का इजहार किया। इसके अलावा, एक महिला मित्र ने अपने संदेश में लिखा, "मेरे भाई, आपकी यादें हमेशा हमारे दिलों में जिंदा रहेंगी। कुछ ऐसे दर्द होते हैं जिन्हें बयां करने के लिए हमारे पास शब्द नहीं होते। आज हम सचमुच निशब्द हैं।"

मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू और परिवहन मंत्री ने व्यक्त किया शोक

इस भीषण हादसे पर हिमाचल प्रदेश सरकार के वरिष्ठ नेताओं ने भी अपनी गहरी संवेदना व्यक्त की है। उप-मुख्यमंत्री और परिवहन मंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने सोशल मीडिया के माध्यम से कहा कि रामपुर के ननखड़ी क्षेत्र के खोलीघाट में हुई यह बस दुर्घटना अत्यंत पीड़ादायक है। उन्होंने कहा कि निगम के समर्पित परिचालक जय प्रकाश नेगी जी का इस तरह चले जाना बेहद दुखद है। ईश्वर दिवंगत पुण्यात्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें और पीड़ित परिवार को इस कठिन समय में धैर्य रखने की शक्ति प्रदान करें।

वहीं, हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने हादसे में जान गंवाने वाले तीनों व्यक्तियों के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं प्रकट की हैं। मुख्यमंत्री ने स्थानीय जिला प्रशासन को कड़े निर्देश दिए हैं कि वे मृतकों के परिजनों को तुरंत राहत सामग्री और वित्तीय सहायता प्रदान करें। इसके अलावा, अस्पताल में उपचाराधीन सभी 21 घायलों को सर्वोत्तम चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश भी जारी किए गए हैं। मुख्यमंत्री ने घायलों के जल्द से जल्द स्वस्थ होने की कामना की है।

हादसे की मुख्य बातें और वर्तमान स्थिति

शिमला जिले के रामपुर उपमंडल के अंतर्गत ननखड़ी के खोलीघाट मार्ग पर यह भयानक हादसा पेश आया था। दुर्घटना के संबंध में कुछ महत्वपूर्ण विवरण इस प्रकार हैं:

  • इस भीषण सड़क हादसे में अब तक कुल 3 लोगों की मौत हो चुकी है।
  • दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल 21 लोगों का इलाज रामपुर के खनेरी अस्पताल और शिमला के प्रसिद्ध IGMC अस्पताल में चल रहा है।
  • हादसे का शिकार हुई बस के बारे में यात्रियों का कहना है कि दुर्घटना से पहले गाड़ी बीच रास्ते में कम से कम तीन बार अचानक बंद हुई थी, जिससे तकनीकी खराबी की आशंका जताई जा रही है।
  • मृतक परिचालक जय प्रकाश नेगी के पार्थिव शरीर को पूरे सम्मान के साथ उनके पैतृक गांव घड़ोली भेज दिया गया है, जहां उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा।

https://hindi.news18.com/news/himachal-pradesh/shimla-rampur-hrtc-bus-accident-vitic-jai-prakash-negi-last-rites-ws-l-10662696.html