नायरा एनर्जी का बड़ा फैसला: पेट्रोल 5 रुपये और डीजल 3 रुपये हुआ सस्ता, नए रेट लागू

निजी क्षेत्र की प्रमुख ईंधन कंपनी नायरा एनर्जी ने कच्चे तेल की अंतरराष्ट्रीय कीमतों में आई गिरावट का लाभ ग्राहकों तक पहुंचाया है, जिससे पेट्रोल और डीजल के दाम कम हो गए हैं।

आम जनता के लिए बड़ी राहत: ईंधन हुआ सस्ता

भारत की प्रमुख प्राइवेट फ्यूल रिटेलर कंपनी नायरा एनर्जी ने देशभर में अपने ग्राहकों को बड़ी राहत देते हुए पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कटौती का ऐलान कर दिया है। यह नई दरें 1 जुलाई से प्रभावी हो गई हैं। कंपनी ने पेट्रोल की कीमतों में 5 रुपये प्रति लीटर और डीजल की कीमतों में 3 रुपये प्रति लीटर की कमी की है। यह निर्णय वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में आई नरमी के बाद लिया गया है। गौरतलब है कि पश्चिम एशिया में चल रहे तनाव के कारण एक समय कच्चे तेल की अंतरराष्ट्रीय दरें 125 डॉलर प्रति बैरल के स्तर तक पहुंच गई थीं, लेकिन मौजूदा समय में हालात में सुधार के चलते ये दाम गिरकर 70 से 72 डॉलर प्रति बैरल के दायरे में आ गए हैं।

फरीदाबाद में नई कीमतें

कीमतों में हुई इस कटौती का असर जमीनी स्तर पर दिखने लगा है। दिल्ली एनसीआर क्षेत्र के तहत आने वाले हरियाणा के फरीदाबाद में नायरा एनर्जी के पेट्रोल पंपों पर अब पेट्रोल 108.03 रुपये के बजाय 103.03 रुपये प्रति लीटर की दर से उपलब्ध है। वहीं, डीजल की बात करें तो इसकी कीमत 98.84 रुपये से घटकर 95.84 रुपये प्रति लीटर हो गई है।

सप्लाई बहाल होने से तेल हुआ सस्ता

अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतों में गिरावट के पीछे का मुख्य कारण स्ट्रेट ऑफ होर्मुज का फिर से खुलना माना जा रहा है। पश्चिम एशिया में तनाव कम होने के चलते इस महत्वपूर्ण रास्ते से कच्चे तेल और लिक्विफाइड नेचुरल गैस की आपूर्ति एक बार फिर सुचारू रूप से शुरू हो गई है। आपूर्ति में किसी भी प्रकार की बाधा न होने की स्पष्टता के बाद वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल के दाम तेजी से नीचे आए हैं।

नायरा एनर्जी का देशभर में नेटवर्क

उद्योग जगत से जुड़े सूत्रों के अनुसार नायरा एनर्जी के पास भारत भर में 7000 से अधिक पेट्रोल पंपों का बड़ा नेटवर्क है। इन सभी केंद्रों पर नई दरें आज से ही लागू कर दी गई हैं। हालांकि, उपभोक्ताओं को यह ध्यान रखना चाहिए कि अलग-अलग राज्यों में लागू स्थानीय कर, जैसे वैल्यू एडेड टैक्स (VAT), के चलते पेट्रोल पंपों पर अंतिम खुदरा मूल्य में थोड़ा अंतर हो सकता है।

सरकारी कंपनियों का रुख अभी भी स्थिर

एक तरफ जहां नायरा एनर्जी ने कीमतों में कटौती की है, वहीं दूसरी ओर इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन (IOC), भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (BPCL) और हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (HPCL) जैसी सरकारी तेल कंपनियों ने अभी तक अपने दाम नहीं घटाए हैं। भारत में पेट्रोल पंपों की कुल संख्या 1 लाख से ज्यादा है और इनमें से 90 प्रतिशत से अधिक हिस्सेदारी इन्हीं तीन सरकारी कंपनियों के पास है, जो देश भर में 90,000 से ज्यादा पंप संचालित करती हैं। दिल्ली में इंडियन ऑयल के पंपों पर पेट्रोल आज भी 102.12 रुपये और डीजल 95.20 रुपये प्रति लीटर पर स्थिर है।

पश्चिम एशिया संकट और कीमतों का इतिहास

यह ध्यान देने योग्य है कि जब पश्चिम एशिया में संकट की स्थिति पैदा हुई थी, तब नायरा एनर्जी ने सरकारी कंपनियों के मुकाबले पहले पेट्रोल और डीजल की कीमतें बढ़ाई थीं। उसके बाद सरकारी फ्यूल रिटेलर्स ने भी दरों में इजाफा किया था। उस दौरान सरकारी कंपनियों ने पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कुल 7.50 रुपये प्रति लीटर तक की बढ़ोतरी की थी।

https://www.indiatv.in/paisa/business/petrol-becomes-cheaper-by-rs-5-and-diesel-by-rs-3-this-company-has-cut-prices-new-rates-effective-from-today-2026-07-01-1228376