दहेज का अभिशाप और समाज का काला सच
समाज में दहेज प्रथा जैसी कुरीतियों को जड़ से मिटाने के लिए भले ही कई बड़े अभियान और जागरूकता कार्यक्रम चलाए जा रहे हों, लेकिन धरातल पर स्थिति अभी भी बेहद भयावह है। अक्सर देखा जाता है कि लोग भाषणों और चर्चाओं में दहेज को बुराई बताते हैं, लेकिन जब निजी जीवन की बात आती है, तो वही लोग अपनी बातों से मुकर जाते हैं। ऐसा लगता है कि दहेज जैसी जघन्य बुराई के खिलाफ समाज को अभी और भी बहुत जागरूक करने की आवश्यकता है। यह समस्या किसी एक वर्ग तक सीमित नहीं है, बल्कि गरीब से लेकर अमीर तबके के लोग भी अपनी क्षमता के अनुसार दहेज के लेन-देन में लिप्त हैं। इस लोभ के कारण कई घरों में बहूओं को अपनी जान तक गंवानी पड़ रही है। मुजफ्फरपुर से सामने आई एक हालिया घटना ने इस कड़वे सच को फिर से उजागर कर दिया है, जहां ससुराल वालों ने दहेज की लालसा में एक सात महीने की गर्भवती महिला की हत्या कर दी।
कोइली गांव में सनसनीखेज वारदात
यह हृदयविदारक घटना मुजफ्फरपुर जिले के पियर थाना अंतर्गत नूनफरा पंचायत के कोइली गांव की है। यहाँ बिट्टू कुमार की पत्नी खुशबू कुमारी, जो उस समय सात महीने से गर्भवती थीं, अचानक रहस्यमयी परिस्थितियों में लापता हो गईं। जब खुशबू के पिता को अपनी बेटी के अचानक गायब होने की सूचना मिली, तो वे तुरंत उसके ससुराल पहुंचे। वहां पहुंचकर उन्हें जो स्थिति दिखी, वह उनके डर को सच साबित करने वाली थी। घर पर न तो खुशबू मौजूद थी और न ही ससुराल का कोई सदस्य। पूरा घर बंद था और परिजन मौके से फरार हो चुके थे। इससे यह साफ हो गया था कि घर के भीतर कुछ अनहोनी हुई है।
बोरे में बंद मिला शव
खुशबू के पिता ने तुरंत अपनी बेटी की हत्या कर शव को ठिकाने लगाने की आशंका जताते हुए पियर थाना में ससुराल वालों के खिलाफ नामजद प्राथमिकी दर्ज कराई। मामला काफी गंभीर था, जिसके चलते पियर थाना पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए खुशबू की खोजबीन शुरू की। इस दौरान पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि गांव के पास ही स्थित एक ईंट भट्ठे के समीप किसी महिला का शव बोरे में बंद अवस्था में पड़ा है। पुलिस ने बिना देरी किए मौके पर पहुंचकर बोरे को खोला, जिसमें से सात महीने की गर्भवती खुशबू का शव बरामद हुआ। यह देखकर इलाके में सनसनी फैल गई कि कैसे बेरहम ससुराल वालों ने साक्ष्य छिपाने के लिए बहू के शव को बोरे में भरकर झाड़ियों में फेंक दिया था।
पोस्टमार्टम और पुलिसिया कार्रवाई
पुलिस ने घटना की गंभीरता को देखते हुए साक्ष्य जुटाने के लिए फॉरेंसिक साइंस लैबोरेटरी यानी एफएसएल की टीम को भी घटनास्थल पर बुलाया ताकि हत्या की कड़ी से कड़ी मिलाई जा सके। शव को कब्जे में लेकर पुलिस ने उसे पोस्टमार्टम के लिए एसकेएमसीएच भेज दिया है ताकि मौत के सटीक कारणों का पता चल सके। पूरे मामले पर एसएसपी कांतेश कुमार मिश्र ने आधिकारिक बयान देते हुए बताया कि एक महिला का शव बोरे में बरामद हुआ है। मृतका के पिता के बयान के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है और पुलिस की टीमें फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही हैं। घटना के बाद से ही ससुराल पक्ष के सभी लोग भूमिगत हो गए हैं, लेकिन पुलिस का दावा है कि वे जल्द ही सलाखों के पीछे होंगे।
https://hindi.news18.com/news/bihar/muzaffarpur-seven-month-pregnant-khushboo-murder-for-dowry-ws-l-10616924.html